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जीते जी बहुत रो चुका मरूंगा तो... ये बात बोल कानपुर में सिपाही मान महेंद्र ने खत्म की जिंदगी; पत्नी ने फिर ये बताया

 

constable maan Mahendra

constable maan Mahendra

कानपुर में मंगलवार सुबह यूपी 112 में तैनात 30 साल के कॉन्स्टेबल मान महेंद्र का शव फंदे से लटका मिला. इस घटना का पता तब चला जब उनके साथ काम करने वाले पुलिसकर्मियों ने उन्हें आवाज दी. लेकिन अंदर से कोई हलचल का पता नहीं चला. ऐसे में जब कल्याणपुर थाने के दारोगा इतेंद्र कुमार ने खिड़की से झांककर देखा तो उनके होश उड़ गए. 

इस दौरान कॉन्स्टेबल मान महेंद्र का शव फंदे से लटका हुआ था. लेकिन इस वक्त कॉन्सटेबल की पत्नी और उनके बच्चे वहां मौजूद नहीं थे. सामने आई जानकारी के मुताबिक, कॉन्सटेबल की पत्नी बच्चों के साथ अपने मायके गई हुई थीं. फिलहाल इस मामले की सूचना पुलिस विभाग और परिवार के लोगो को दी गई. लेकिन कॉन्स्टेबल मान महेंद्र ने ऐसा क्यों किया ये अभी भी चर्चा का विषय बना हुआ है. 

कौन हैं कॉन्स्टेबल मान महेंद्र?

कॉन्स्टेबल मान महेंद्र मथुरा के गोवर्धन के मढ़ेरा गांव के रहने वाले थे. उनकी शादी साल 2015 में हुई थी. वह 2018 बैच में यूपी पुलिस में भर्ती हुए थे. 13 जून 2021 को रावतपुर थाने से डायल 112 में उनकी तैनाती बदलकर पीआरवी 1246 (किदवई नगर) कर दी गई थी. 

कॉन्स्टेबल मान महेंद्र पत्नी और दो बच्चों के साथ सरकारी आवास में रहते थे. 26 नवंबर को उनकी पत्नी बच्चों को लेकर मायके चली गई थी. परिवार को घटना की जानकारी दे दी गई है. कॉन्स्टेबल की पत्नी ने बताया कि वह 26 नवंबर को बच्चों के साथ मथुरा के नरौली थानाक्षेत्र स्थित सारपीपुर गांव गई थीं. उन्होंने बताया कि 27 नवंबर के बाद से उनकी पति से कोई बात नहीं हुई है.

सुसाइड से पहले ये कहकर पोस्ट किया था वीडियो

सुसाइड से लगभग 13 घंटे पहले कॉन्सटेबल ने एक वीडियो भी पोस्ट किया था. इस वीडियो में वह कह रहे हैं कि 'रुतबा तो मरने के बाद भी बना रहता है… लोग पैदल चलेंगे, हम कंधों पर जाएंगे. देखना जब मैं मरूंगा तो मुस्कुराते हुए मरूंगा क्योंकि जीते जी बहुत रो चुका हूं.'

कैसे सामने आई सुसाइड का बात

कल्याणपुर क्षेत्र के बारा सिरोही बम्बा रोड स्थित श्यामाजीपुरम के चार मंजिला मकान में कॉन्स्टेबल मान महेंद्र किराए पर रहते थे. इसी इमारत की दूसरी मंजिल पर कल्याणपुर थाने के दरोगा इतेंद्र कुमार भी रहते थे. मंगलवार की सुबह दारोगा इतेंद्र अपना हेलमेट लेने कॉन्स्टेबल के कमरे पर पहुंचें. लेकिन काफी देर तक दरवाजा खटखटाने पर भी अंदर से कोई आवाज नहीं आई. 

इसके बाद उन्होंने खिड़की से झांककर देखा तो कॉन्स्टेबल का शव फंदे पर लटका हुआ था. इसके तुरंत बाद पुलिस को सूचना दी गई और टीम ने पहुंचकर दरवाजा तोड़कर शव को बाहर निकाला. मौके से कोई सुसाइड नोट नहीं मिला है और आत्महत्या की वजह भी अभी तक स्पष्ट नहीं हो पाई है.

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