‘लड़कियों के पेरेंट्स अकेले रह सकते हैं, लड़कों के नहीं’, शादी को लेकर हुई बहस तो बेटी ने मां से पूछे तीखे सवाल
शादी करना, अपने घर जाना, आज के दौर में भी लड़कियों के जीवन में जीने जितना ही जरूरी माना जाता है। लाख कोशिशों और लड़कियों के ढेरों उपलब्धियां हासिल करने के बाद भी ये सोच कहीं गहराई में दबी है। लॉ की पढ़ाई कर रहीं खुशी राय ने मां के साथ लंबी बहस में ऐसा ही कुछ सुना तो जवाब दिए बिना रह नहीं पाईं। उनके जवाब इंटरनेट को लाजवाब कर रहे हैं।
पितृसत्ता वाली सोच को चुनौती
खुशी राय ने ये वीडियो कुछ दिन पहले शेयर किया था। वीडियो पर उन्होंने टेक्स्ट लिखा है कि भारतीय मां की पितृसत्ता वाली सोच को चुनौती दे रही हूं। इसके शुरू में उनकी मां कहती हैं कि आजकल की लड़कियां लड़के के पेरेंट्स से अलग रहने की शर्त रख देती हैं।
लड़कियों के पेरेंट्स अकेले रह सकते हैं
खुशी कहती हैं कि लड़कियां भी तो अपना घर छोड़कर आ रही हैं। मां कहती हैं उनके बेटे रह रहे हैं। और बेटा न हो तो, खुशी कहती हैं। वो आगे पूछती हैं लड़कियों के पेरेंट्स अकेले रह सकते हैं लड़कों के नहीं। अगर लड़कों के पेरेंट्स को बहु की ख्वाहिश है तो लड़की के पेरेंट्स नहीं चाहते हैं कि उनकी बेटी उनके साथ रहे। आपको दामाद के पेरेंट्स से कितना प्यार है।
बेटियां बोझ होती हैं
बातों-बातों में खुशी की मां बेटियों को बोझ बता देती हैं। इस पर खुशी कहती हैं क्या बकवास कर रही हो, वो साथ में बताती हैं कि 19 की उम्र से वो अपने खर्चे खुद उठा रही हैं। खुशी कुल मिलाकर लड़कियों के लिए बने सामाजिक नियम कायदों पर सवाल उठाती हैं। वीडियो देखिए।
मेरा बीपी बढ़ा दिया

इस वीडियो को देखकर लोग तनाव में आ गए हैं। एक यूजर ने लिखा है कि आपकी मम्मी ने मेरा बीपी बढ़ा दिया। एक यूजर ने लिखा है कि ये देखना काफी दर्दनाक है। वहीं एक यूजर का कहना है कि काश ये स्क्रिपटेड हो।
मेरा बीपी बढ़ा दिया
इस वीडियो को देखकर लोग तनाव में आ गए हैं। एक यूजर ने लिखा है कि आपकी मम्मी ने मेरा बीपी बढ़ा दिया। एक यूजर ने लिखा है कि ये देखना काफी दर्दनाक है। वहीं एक यूजर का कहना है कि काश ये स्क्रिपटेड हो।
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