क्या आप जानते हैं? महज 10 सेकंड के एक ‘Kiss’ से ट्रांसफर होते हैं इतने करोड़ बैक्टीरिया, रिसर्च में हुआ बेहद हैरान करने वाला खुलासा

साइंस डेस्क। प्यार और आपसी लगाव को जाहिर करने का सबसे खूबसूरत तरीका ‘किस’ (Kiss) माना जाता है। दो लोगों के बीच की यह नजदीकी केवल रोमांटिक एहसास या आकर्षण का प्रतीक नहीं होती, बल्कि इसके पीछे एक बेहद जटिल और हैरान करने वाली साइंस भी छिपी है। एक हालिया वैज्ञानिक शोध में यह बात सामने आई है कि महज 10 सेकंड के एक गहरे किस के दौरान लाखों नहीं, बल्कि करोड़ों बैक्टीरिया एक व्यक्ति से दूसरे व्यक्ति के मुंह में चले जाते हैं। इस नजदीकी के दौरान मानव शरीर के भीतर कई तरह की जैविक प्रक्रियाएं (Biological Processes) अचानक सक्रिय हो जाती हैं।
यह दिलचस्प और चौंकाने वाला अध्ययन नीदरलैंड्स ऑर्गनाइजेशन फॉर अप्लाइड साइंटिफिक रिसर्च के वैज्ञानिकों द्वारा किया गया है। इस रिसर्च रिपोर्ट के अनुसार, जब दो पार्टनर 10 सेकंड तक एक-दूसरे को किस करते हैं, तो उनके बीच औसतन 8 करोड़ बैक्टीरिया का आदान-प्रदान होता है। भले ही यह आंकड़ा सुनने में थोड़ा डरावना या अजीब लग सकता है, लेकिन वैज्ञानिकों ने इसमें राहत की बात भी बताई है। विशेषज्ञों का कहना है कि मुंह में ट्रांसफर होने वाले इन करोड़ों बैक्टीरिया में से ज्यादातर सामान्य होते हैं और वे मानव शरीर को कोई नुकसान नहीं पहुंचाते, बल्कि सेहत के लिए फायदेमंद होते हैं।
वैज्ञानिकों ने 21 जोड़ों पर किया अनोखा प्रयोग, ऐसे सामने आया सच
इस वैज्ञानिक दावे को साबित करने के लिए शोधकर्ताओं ने 21 जोड़ों (Couples) को इस अनूठे अध्ययन में शामिल किया था। प्रयोग के दौरान सभी प्रतिभागियों को एक निश्चित समय तक किस करने के लिए कहा गया और इसके तुरंत बाद उनके मुंह से लार के नमूने (Samples) लिए गए। इस पूरी प्रक्रिया में यह सटीक तरीके से समझने के लिए कि बैक्टीरिया कितनी मात्रा में और किस रफ्तार से ट्रांसफर होते हैं, वैज्ञानिकों ने एक विशेष प्रकार के प्रोबायोटिक बैक्टीरिया का सहारा लिया।
इसके लिए वैज्ञानिकों ने चालाकी से जोड़े के एक पार्टनर को किस करने से पहले प्रोबायोटिक तत्वों से भरपूर दही खिलाया, जिससे उसके मुंह में अच्छे और लाभकारी बैक्टीरिया की संख्या अचानक बढ़ गई। इसके बाद जब दोनों ने एक-दूसरे को किस किया, तो दूसरे पार्टनर के मुंह के सैंपल की जांच की गई। नतीजे बेहद चौंकाने वाले थे; दूसरे पार्टनर के मुंह में वे प्रोबायोटिक बैक्टीरिया भारी मात्रा में पाए गए। इससे यह साफ हो गया कि ओरल कॉन्टैक्ट के दौरान माइक्रोबायोम का ट्रांसफर बहुत बड़े पैमाने पर होता है।
ओरल माइक्रोबायोम में होता है बड़ा बदलाव, इम्यूनिटी के लिए है वरदान
विशेषज्ञों के मुताबिक, इंसान के मुंह में स्वाभाविक रूप से सैकड़ों प्रजातियों के सूक्ष्मजीव (Microorganisms) हमेशा मौजूद रहते हैं। जब दो लोग एक-दूसरे के बेहद करीब आते हैं, तो केवल लार (Saliva) का ही लेन-देन नहीं होता, बल्कि दोनों के मुंह की पूरी माइक्रोबायोम प्रणाली एक-दूसरे के सीधे संपर्क में आती है। इस स्टडी में एक और मजेदार बात सामने आई कि जो कपल्स नियमित रूप से एक-दूसरे को किस करते हैं, उनके मुंह में पाए जाने वाले बैक्टीरिया की बनावट और उनकी संरचना समय के साथ काफी हद तक एक जैसी हो जाती है।
वैज्ञानिकों का मानना है कि यह जैविक आदान-प्रदान कई मायनों में सेहत के लिए किसी वरदान से कम नहीं है। ये लाभकारी बैक्टीरिया पार्टनर की रोग प्रतिरोधक क्षमता (Immunity System) को बूस्ट करने में मदद करते हैं। इसके साथ ही ये मुंह के स्वास्थ्य को बेहतर बनाए रखने और कई तरह के बाहरी संक्रमणों से लड़ने की ताकत देते हैं। नियमित रूप से एक-दूसरे के साथ स्वस्थ माइक्रोबायोम शेयर करने से दांतों और मसूड़ों की सेहत पर भी पॉजिटिव असर देखने को मिलता है।
फायदे के साथ-साथ खतरा भी, भूलकर न करें ये लापरवाही
जहां एक ओर इसके कई बायोलॉजिकल फायदे हैं, वहीं दूसरी ओर हेल्थ एक्सपर्ट्स ने इसे लेकर एक जरूरी चेतावनी भी जारी की है। डॉक्टरों का कहना है कि किसिंग के जरिए कुछ संक्रामक बीमारियों (Infectious Diseases) का फैलना भी बेहद आसान हो जाता है। अगर पार्टनर में से कोई भी एक व्यक्ति हर्पीस (Herpes), कोल्ड सोर (Cold Sores) या मुंह के अन्य किसी एक्टिव इंफेक्शन से पीड़ित है, तो लार के जरिए वह वायरस या बैक्टीरिया बहुत आसानी से दूसरे व्यक्ति के शरीर में प्रवेश कर सकता है। इसलिए पार्टनर की सेहत और ओरल हाइजीन को लेकर सावधानी बरतना बेहद जरूरी है।
कुल मिलाकर यह वैज्ञानिक अध्ययन साफ तौर पर दिखाता है कि किसिंग महज एक इमोशनल या रोमांटिक अहसास भर नहीं है, बल्कि यह शरीर का एक जटिल विज्ञान है। इस प्रक्रिया के दौरान मानव मस्तिष्क में ऑक्सीटोसिन (Oxytocin) और डोपामाइन (Dopamine) जैसे ‘फील गुड’ हार्मोन्स का लेवल तेजी से बढ़ता है। ये हार्मोन्स न सिर्फ मानसिक तनाव और एंजाइटी को कम करते हैं, बल्कि दो लोगों के बीच आपसी भरोसे, खुशी और भावनात्मक जुड़ाव को भी लाइफटाइम के लिए बेहद मजबूत बना देते हैं।
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