कौशांबी. उत्तर प्रदेश के कौशांबी जिले में पुलिस महकमे को झकझोर देने वाला मामला सामने आया है। सराय अकिल थाना प्रभारी वीर प्रताप सिंह और कनैली चौकी प्रभारी जितेन्द्र प्रताप सिंह का कथित गाली-गलौज भरा ऑडियो सोशल मीडिया पर वायरल होते ही हड़कंप मच गया।

वायरल ऑडियो में आरोप है कि थाना प्रभारी एक स्थानीय पत्रकार से अमर्यादित भाषा में बात कर रहे हैं और उसे एससी-एसटी एक्ट में फंसाने की धमकी दे रहे हैं। इस घटना के सामने आने के बाद इलाके में भारी आक्रोश व्याप्त है।

मामला सराय अकिल थाना क्षेत्र के कनैली चौकी का बताया जा रहा है। हिंदी दैनिक ‘हिंदुस्तान’ से जुड़े स्थानीय पत्रकार संजय सिंह के अनुसार, उन्होंने हाल ही में यमुना नदी में चल रहे अवैध खनन को लेकर एक खबर प्रकाशित की थी। इसी खबर से नाराज होकर संबंधित पुलिस अधिकारी उनसे खफा थे। आरोप है कि बुधवार रात करीब 9 बजे कनैली चौकी प्रभारी ने पत्रकार को सराय अकिल चौराहे से हिरासत में लेकर थाने पहुंचाया।

पीड़ित पत्रकार का कहना है कि थाने पहुंचते ही थाना प्रभारी वीर प्रताप सिंह ने उनके साथ अभद्र व्यवहार शुरू कर दिया। उन्होंने न केवल मां-बहन की गालियां दीं, बल्कि झूठे मुकदमे में फंसाकर जेल भेजने की धमकी भी दी। आरोप यह भी है कि विरोध करने पर पत्रकार के साथ मारपीट की गई और उसके मुंह में पेशाब करने की बात कही गई।

इस दौरान पूरी घटना का ऑडियो रिकॉर्ड हो गया, जो अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। घटना की जानकारी जैसे ही अन्य पत्रकारों को हुई, उन्होंने तुरंत पुलिस अधीक्षक सत्यनारायण को अवगत कराया। मामला बढ़ता देख पुलिस ने देर रात पत्रकार को थाने से छोड़ दिया। पीड़ित ने पूरे प्रकरण की लिखित शिकायत एसपी से करते हुए दोषी अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।

पुलिस अधीक्षक सत्यनारायण ने मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच के आदेश दे दिए हैं। उन्होंने बताया कि पूरे प्रकरण की जांच क्षेत्राधिकारी चायल को सौंपी गई है और रिपोर्ट आने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी। वहीं, इस घटना के सामने आने के बाद जिले भर के पत्रकारों और सामाजिक संगठनों में भारी रोष है। सभी ने निष्पक्ष जांच कर दोषी पुलिसकर्मियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है।