साहब, मैं तो पिज्जा बांटता हूँ, ये ‘करोड़ों का धंधा’ किसका है? डिलीवरी बॉय के पैन कार्ड का गजब खेल; फर्जी साइन, फर्जी नंबर और बन गया करोड़ों का कारोबारी

बिजनौर के धामपुर तहसील क्षेत्र से एक हैरान करने वाला मामला सामने आया है, जहां एक गरीब डिलीवरी बॉय के पैन कार्ड का दुरुपयोग कर उसके नाम पर करोड़ों रुपये का फर्जी कारोबार खड़ा कर दिया गया। अब पीड़ित आयकर विभाग के नोटिसों और कानूनी परेशानियों से जूझ रहा है और लगातार मदद की गुहार लगा रहा है।
धामपुर के गांव पृथ्वीपुर बनवारी निवासी फिरोज अहमद, जो डिलीवरी बॉय का काम कर अपने परिवार का भरण-पोषण करता है, की मुश्किलें तब बढ़ गईं जब अगस्त 2025 में उसे आयकर विभाग का नोटिस मिला। नोटिस में बताया गया कि उसके पैन कार्ड पर WYN IMPEX नाम की एक फर्म रजिस्टर्ड है, जिसने अगस्त 2020 में लगभग 9.49 करोड़ रुपये का कारोबार दर्शाया है।
यह जानकारी मिलते ही फिरोज के होश उड़ गए। उसका कहना है कि उसने कभी कोई व्यापार नहीं किया और न ही इतनी बड़ी राशि के कारोबार से उसका कोई लेना-देना है। जांच में सामने आया कि 14 जुलाई 2020 को उसके पैन कार्ड का उपयोग कर फर्म का रजिस्ट्रेशन कराया गया था, जिसमें इस्तेमाल किए गए मोबाइल नंबर, ईमेल आईडी, दस्तावेज और हस्ताक्षर पूरी तरह फर्जी पाए गए।
पीड़ित ने इस मामले की शिकायत स्थानीय पुलिस और एसपी अभिषेक झा से की, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हो सकी है। वहीं, आयकर विभाग की ओर से लगातार नोटिस भेजे जा रहे हैं, जिससे फिरोज मानसिक तनाव में है और आर्थिक रूप से भी टूट चुका है।
फिरोज का कहना है कि उसके पास न तो कानूनी लड़ाई लड़ने के लिए संसाधन हैं और न ही इतनी क्षमता कि वह इस जटिल मामले से अकेले निपट सके। उसने प्रशासन से जल्द न्याय और मदद की अपील की है।
यह मामला एक बार फिर उन घटनाओं की ओर इशारा करता है, जहां फर्जीवाड़े के जरिए निर्दोष मजदूर, किसान और छोटे कामगारों को निशाना बनाया जा रहा है, जबकि प्रशासन जांच की बात कहकर अब तक कार्रवाई आगे नहीं बढ़ा पाया है।
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