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10 जून को बनेगा नया इतिहास : नेहरू का रिकॉर्ड तोड़ेंगे पीएम मोदी, सबसे लंबे समय तक लगातार निर्वाचित प्रधानमंत्री रहने का गौरव

नई दिल्ली। भारत की लोकतांत्रिक राजनीति में 10 जून एक ऐतिहासिक दिन के रूप में दर्ज होने जा रहा है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी लगातार सबसे लंबे समय तक निर्वाचित प्रधानमंत्री पद पर बने रहने का रिकॉर्ड अपने नाम कर लेंगे। इस उपलब्धि के साथ वह भारत के पहले प्रधानमंत्री जवाहरलाल नेहरू के लोकतांत्रिक रूप से निर्वाचित प्रधानमंत्री के रूप में सबसे लंबे कार्यकाल के रिकॉर्ड को पीछे छोड़ देंगे।

नेहरू का रिकॉर्ड होगा पीछे

पंडित जवाहरलाल नेहरू 13 मई 1952 को देश के पहले आम चुनाव के बाद लोकतांत्रिक रूप से निर्वाचित प्रधानमंत्री बने थे। वह 27 मई 1964 को अपने निधन तक लगातार प्रधानमंत्री पद पर बने रहे। इस दौरान उनका निर्वाचित प्रधानमंत्री के रूप में कार्यकाल 4,398 दिनों का रहा।

वहीं प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 26 मई 2014 को पहली बार प्रधानमंत्री पद की शपथ ली थी, जब भारतीय जनता पार्टी को लोकसभा में पूर्ण बहुमत मिला था। 10 जून 2026 को मोदी का लगातार कार्यकाल 4,399 दिनों का हो जाएगा, जो नेहरू के रिकॉर्ड से एक दिन अधिक होगा।

लगातार तीसरी बार प्रधानमंत्री बने मोदी

प्रधानमंत्री मोदी ने 2014 में पहली बार, 2019 में दूसरी बार और 2024 में लगातार तीसरी बार प्रधानमंत्री पद की शपथ ली। इस तरह वह लगातार तीन कार्यकाल तक देश का नेतृत्व करने वाले चुनिंदा प्रधानमंत्रियों में शामिल हैं।

राजनीतिक विश्लेषकों के अनुसार, यह उपलब्धि भारतीय लोकतंत्र में एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर है, क्योंकि इतने लंबे समय तक लगातार जनादेश प्राप्त करना किसी भी नेता के लिए बड़ी उपलब्धि माना जाता है।

इंदिरा गांधी का रिकॉर्ड भी पीछे

देश की पूर्व प्रधानमंत्री Indira Gandhi ने 24 जनवरी 1966 से 24 मार्च 1977 तक लगातार 4,077 दिनों तक प्रधानमंत्री पद संभाला था। वह इस सूची में तीसरे स्थान पर हैं।

लगातार निर्वाचित प्रधानमंत्रियों के कार्यकाल की दृष्टि से अब मोदी पहले, नेहरू दूसरे और इंदिरा गांधी तीसरे स्थान पर पहुंच जाएंगे।

स्वतंत्र भारत के सबसे प्रभावशाली प्रधानमंत्रियों में शुमार

नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में पिछले एक दशक में कई बड़े फैसले लिए गए, जिनमें वस्तु एवं सेवा कर (GST), डिजिटल इंडिया, मेक इन इंडिया, जम्मू-कश्मीर से अनुच्छेद 370 हटाना, कोविड-19 महामारी प्रबंधन, जी-20 शिखर सम्मेलन की मेजबानी और विभिन्न कल्याणकारी योजनाएं प्रमुख रही हैं।

भाजपा और उसके समर्थक इसे प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में जनता के लगातार विश्वास का प्रमाण बता रहे हैं, जबकि विपक्ष इसे लोकतांत्रिक राजनीति की स्वाभाविक प्रक्रिया के रूप में देख रहा है।

इतिहास के पन्नों में दर्ज होगा 10 जून

10 जून 2026 को प्रधानमंत्री मोदी के नाम एक और महत्वपूर्ण रिकॉर्ड दर्ज हो जाएगा। वह लोकतांत्रिक रूप से निर्वाचित प्रधानमंत्री के रूप में सबसे लंबे समय तक लगातार पद पर रहने वाले नेता बन जाएंगे। यह उपलब्धि भारतीय राजनीति के इतिहास में एक नए अध्याय के रूप में देखी जा रही है और आने वाले वर्षों में भी चर्चा का विषय बनी रहेगी।

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