Recent Posts

Breaking News

20 साल पुराने रिश्ते का खूनी अंत, प्रेमी संग मिलकर पत्नी ने पैरों से कुचला पति का गला, 3 महीने बाद केले के पेड़ के नीचे मिला कंकाल

Shahjahanpur : उत्तर प्रदेश के शाहजहांपुर जिले से एक ऐसा रोंगटे खड़े कर देने वाला मामला सामने आया है, जिसने अवैध संबंधों के चक्कर में रिश्तों के कत्ल की एक और खौफनाक दास्तान लिख दी है। कांट थाना क्षेत्र के लिंथरा गांव में एक पत्नी ने अपने ही सुहाग की जिंदगी का सौदा अपने प्रेमी के साथ मिलकर कर डाला। जिस पति के साथ उसने 20 साल पहले सात फेरे लिए थे, उसी की बेरहमी से हत्या कर शव को बगीचे में दफन कर दिया। लगभग साढ़े तीन महीने बाद जब पुलिस ने इस खौफनाक राज से पर्दा उठाया, तो जमीन के नीचे से सिर्फ एक कंकाल बरामद हुआ।

अवैध संबंधों के विरोध पर रची गई मौत की साजिश
पुलिस के अनुसार, मानपुर मलिकापुर गांव के रहने वाले हिस्ट्रीशीटर ओमकार सिंह की शादी करीब 20 साल पहले ओमा भारती के साथ हुई थी। दोनों के दो बच्चे भी हैं, जिनमें एक 14 साल का बेटा और 12 साल की बेटी है। सब कुछ ठीक चल रहा था, लेकिन इसी बीच ओमा भारती का अपनी बड़ी बहन के गांव लिंथरा जाना-आना शुरू हुआ। वहीं उसकी मुलाकात नन्हे नाम के युवक से हुई। धीरे-धीरे दोनों के बीच नजदीकियां बढ़ीं और वे एक-दूसरे के प्यार में अंधे हो गए। जब ओमकार को अपनी पत्नी के इस अवैध संबंध की भनक लगी, तो घर में विवाद शुरू हो गया। ओमकार लगातार इसका विरोध कर रहा था, जो ओमा और नन्हे को नागवार गुजरा।

शराब पार्टी के बाद पैरों से दबाया गला, केले के पेड़ के नीचे छिपाया राज
ओमकार खुद एक शातिर अपराधी था और उस पर हत्या, लूट व डकैती जैसे करीब 8 गंभीर मुकदमे दर्ज थे। ओमा और नन्हे को डर था कि अगर उन्होंने ओमकार को रास्ते से नहीं हटाया, तो वह उन दोनों की जान ले लेगा। इसी डर और सनक में दोनों ने मिलकर ओमकार की हत्या का फुलप्रूफ प्लान तैयार किया। 23 फरवरी को ओमकार तिलहर कोर्ट में अपनी एक तारीख पर गया था, जहां से लौटते वक्त नन्हे ने उसे साजिश के तहत अपने बगीचे में बुला लिया। वहां दोनों ने पहले ओमकार को जमकर शराब पिलाई। जब ओमकार पूरी तरह नशे में धुत हो गया, तो ओमा और नन्हे ने बेरहमी से उसके गले पर पैर रखकर तब तक दबाया, जब तक उसकी सांसें हमेशा के लिए थम नहीं गईं। हत्या के बाद नन्हे ने अपने ही बाग में केले के पेड़ के नीचे एक गहरा गड्ढा खोदा और ओमकार की लाश को वहां दफन कर दिया।

गुमशुदगी की रिपोर्ट से खुला हत्या का खौफनाक राज
जब ओमकार कई दिनों तक घर नहीं लौटा, तो उसके भाई सत्यवीर सिंह ने 6 मार्च को थाने में उसकी गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई। पुलिस मामले की जांच कर ही रही थी कि 4 जून को सत्यवीर ने अपनी भाभी ओमा भारती और कांट के लिंथरा निवासी नन्हे पर भाई के अपहरण की आशंका जताते हुए मुकदमा दर्ज करा दिया। शक की सुई घूमते ही पुलिस ने ओमा और नन्हे को हिरासत में लेकर कड़ाई से पूछताछ शुरू की। पुलिस की सख्ती के आगे दोनों टूट गए और उन्होंने अपना जुर्म कबूल करते हुए पूरी कहानी बयां कर दी।

कंकाल देख रो पड़े भाई-बहन, कातिल पत्नी के चेहरे पर नहीं थी कोई शिकन
एसपी सिटी देवेंद्र सिंह ने मामले का खुलासा करते हुए बताया कि शुक्रवार को आरोपियों की निशानदेही पर मजिस्ट्रेट की मौजूदगी में बगीचे की खुदाई की गई, जहां से ओमकार का कंकाल बरामद हुआ है। कंकाल को कब्जे में लेकर डीएनए टेस्ट के लिए भेज दिया गया है ताकि वैज्ञानिक पुष्टि हो सके। इस पूरे खुलासे के दौरान जब पुलिस ने ओमा और नन्हे को मीडिया के सामने पेश किया, तो कातिल पत्नी के चेहरे पर अपने पति की हत्या को लेकर रत्ती भर भी पछतावा या शिकन नजर नहीं आई। वहीं दूसरी ओर, भाई का कंकाल देखकर ओमकार के भाइयों और बहनों की आंखें नम हो गईं और उनका रो-रोकर बुरा हाल था।

No comments